Sunday, January 16, 2011

मेरे विचार, मेरी कवितायें: वेक मी अप वेन सेपतेंबर एन्ड्स…

मेरे विचार, मेरी कवितायें: वेक मी अप वेन सेपतेंबर एन्ड्स…

यहाँ पोस्ट करेंगे तो शायद अच्छा दिखे

ना जाने किसकी परछाइयों के पीछे भागे जा रहे हैं हम सब...खुद से दूर..बहुत दूर....

3 comments:

  1. दिन मैं सूरज गायब हो सकता है

    रोशनी नही

    दिल टू सटकता है

    दोस्ती नही

    आप टिप्पणी करना भूल सकते हो

    हम नही

    हम से टॉस कोई भी जीत सकता है

    पर मैच नही

    चक दे इंडिया हम ही जीत गए

    भारत के विश्व चैम्पियन बनने पर आप सबको ढेरों बधाइयाँ और आपको एवं आपके परिवार को हिंदी नया साल(नवसंवत्सर२०६८ )की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएँ!

    आपका स्वागत है
    "गौ ह्त्या के चंद कारण और हमारे जीवन में भूमिका!"
    और
    121 करोड़ हिंदुस्तानियों का सपना पूरा हो गया

    आपके सुझाव और संदेश जरुर दे!

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  2. गानों का चयन आपकी सराहनीय अभिरुचि का प्रमाण है.

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  3. नववर्ष की बहुत बहुत हार्दिक शुभकामनाएँ

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